आचार्य रामचन्द्र शुक्ल - चिन्तामणि - (भाग-1) केवल उत्साह, श्रद्धा और भक्ति, लोभ और प्रीति
मोहन राकेश - लहरों के राजहंस
यादवेंद्र शर्मा 'चंद्र' - खून का टीका
कहानियाँ:
उसने कहा था - चन्द्रधर शर्मा गुलेरी
पूस की रात - प्रेमचंद
पटाक्षेप नहीं होगा - हेतु भारद्वाज
उजाले के मुसाहिब - विजयदान देथा
3. खंड- III ( हिन्दी शिक्षण एवं शिक्षण विधियाँ ) (अ)
भाषायी कौशलों के विकास हेतु निम्नांकित पक्षों के स्वरूप का शिक्षण- श्रवण, उच्चारण, वर्तनी, वाचन (सस्वर व मौन) अभिव्यक्ति (लिखित एवं मौखिक)
हिन्दी की विभिन्न विधाओं का शिक्षण, शिक्षण विधियाँ एवं पाठ योजना निर्माण (इकाई व दैनिक) – गद्य शिक्षण, पद्य शिक्षण, व्याकरण शिक्षण, रचना शिक्षण, कहानी शिक्षण, नाटक शिक्षण
(आ)
भाषा शिक्षण में निदानात्मक परीक्षण व उपचारात्मक शिक्षण
भाषा शिक्षण में सहायक सामग्री का उपयोग
भाषा शिक्षण में मूल्यांकन – सतत एवं समग्र मूल्यांकन, पाठान्तर्गत व पाठोपरांत मूल्यांकन