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परीक्षा योजना:
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प्रश्नपत्र
विषय
अधिकतम अंक
प्रारंभिक परीक्षा
सामान्य ज्ञान और सामान्य विज्ञान
200
Note :-
समय: तीन घंटे
प्रश्न पत्र में बहुविकल्पीय प्रकार के 150 प्रश्न होंगे व सभी प्रश्न समान अंक के होंगे।
मूल्यांकन में ऋणात्मक अंकन किया जाएगा, जिसमें प्रत्येक गलत उत्तर के लिए 1/3 अंक काटे जाएंगे।
परीक्षा का उद्देश्य केवल स्क्रीनिंग परीक्षण करना है। प्रश्नपत्र का स्तरमान स्नातक डिग्री स्तर का होगा।
ऐसे अभ्यर्थियों द्वारा, जो मुख्य परीक्षा में प्रवेश के लिए अर्हित घोषित किये गये हो, प्रारम्भिक परीक्षा में प्राप्त अंको को उनका अंतिम योग्यता क्रम अवधारित करने के लिए संगणित नहीं किया जायेगा।
पाठ्यक्रम :-
1. राजस्थान का इतिहास, कला, संस्कृति, साहित्य, परम्परा एवं विरासत
राजस्थान के प्रागैतिहासिक स्थल-पुरापाषाण से ताम्र पाषाण एवं कांस्य युग तक।
ऐतिहासिक राजस्थानः प्रारम्भिक ईस्वी काल के महत्वपूर्ण ऐतिहासिक केन्द्र। प्राचीन राजस्थान में समाज, धर्म एवं संस्कृति।
प्रमुख राजवंशों के महत्वपूर्ण शासकों की राजनीतिक एवं सांस्कृतिक उपलब्धियाँ-गुहिल, प्रतिहार, चौहान, परमार, राठौड़, सिसोदिया और कच्छावा। मध्यकालीन राजस्थान में प्रशासनिक तथा राजस्व व्यवस्था।
आधुनिक राजस्थान का उदय : 19वीं-20वीं शताब्दी के दौरान राजस्थान में सामाजिक जागृति के कारक। राजनीतिक जागरण : समाचार पत्रों एवं राजनीतिक संस्थाओं की भूमिका। 20वीं शताब्दी में जनजाति तथा किसान आन्दोलन, 20वीं शताब्दी के दौरान विभिन्न देशी रियासतों में प्रजामण्डल आन्दोलन। राजस्थान का एकीकरण।
राजस्थान की वास्तु परम्परा- मंदिर, किले, महल एवं मानव निर्मित जलीय संरचनाएँ; चित्रकला की विभिन्न शैलियाँ और हस्तशिल्प।
प्रदर्शन कला : शास्त्रीय संगीत एवं शास्त्रीय नृत्य; लोक संगीत एवं वाद्य; लोक नृत्य एवं नाट्य।
भाषा एवं साहित्य : राजस्थानी भाषा की बोलियाँ। राजस्थानी भाषा का साहित्य एवं लोक साहित्य।
धार्मिक जीवन : धार्मिक समुदाय, राजस्थान में संत एवं सम्प्रदाय। राजस्थान के लोक देवी-देवता।
राजस्थान में सामाजिक जीवन : मेले एवं त्योहार; सामाजिक रीति-रिवाज तथा परम्पराये; वेशभूषा एवं आभूषण।
राजस्थान के प्रमुख व्यक्तित्व।
2. भारत का इतिहास
प्राचीनकाल एवं मध्यकाल
भारत के सांस्कृतिक आधार – सिन्धु एवं वैदिक काल; छठी शताब्दी ई. पू. की श्रमण परम्परा और नये धार्मिक विचार - आजीवक, बौद्ध तथा जैन।
प्रमुख राजवंशों के महत्वपूर्ण शासकों की उपलब्धियाँ : मौर्य, कुषाण, सातवाहन, गुप्त, चालुक्य, पल्लव एवं चोल।
प्राचीन भारत में कला एवं वास्तु।
प्राचीन भारत में भाषा एवं साहित्य का विकास : संस्कृत, प्राकृत एवं तमिल।
सल्तनतकाल : प्रमुख सल्तनत शासकों की उपलब्धियाँ। विजयनगर की सांस्कृतिक उपलब्धियाँ।
मुगलकाल : राजनीतिक चुनौतियाँ एवं सुलह-अफगान, राजपूत, दक्कनी राज्य और मराठा। मध्यकाल में कला एवं वास्तु, चित्रकला एवं संगीत का विकास।
भक्ति तथा सूफी आंदोलन का धार्मिक एवं साहित्यिक योगदान।
आधुनिक काल (प्रारम्भिक 19वीं शताब्दी से 1964 तक)
आधुनिक भारत का विकास एवं राष्ट्रवाद का उदयः बौद्धिक जागरण; प्रेस; पश्चिमी शिक्षा। 19वीं शताब्दी के दौरान सामाजिक-धार्मिक सुधारः विभिन्न नेता एवं संस्थाएँ।
स्वतंत्रता संघर्ष एवं भारतीय राष्ट्रीय आन्दोलन - विभिन्न अवस्थाएँ, धाराएँ, महत्वपूर्ण योगदानकर्ता एवं देश के अलग-अलग हिस्सों का योगदान।
स्वातंत्र्योत्तर राष्ट्र निर्माण- राज्यों का भाषायी पुनर्गठन, नेहरू युग में सांस्थानिक निर्माण, विज्ञान एवं तकनीकी का विकास।
3. विश्व एवं भारत का भूगोल
विश्व का भूगोल-
प्रमुख स्थलाकृतियाँ- पर्वत, पठार, मैदान एवं मरूस्थल
प्रमुख नदियाँ एवं झीलें
कृषि के प्रकार
प्रमुख औद्योगिक प्रदेश
पर्यावरणीय मुद्दे – मरूस्थलीकरण, वनोन्मूलन, जलवायु परिवर्तन एवं ग्लोबल वार्मिंग (ऊष्मीकरण), ओजन अवक्षय
भारत का भूगोल-
प्रमुख स्थलाकृतियाँ- पर्वत, पठार एवं मैदान
मानसून तंत्र व वर्षा का वितरण
प्रमुख नदियाँ एवं झीलें
प्रमुख फसलें - गेहूँ, चावल, कपास, गन्ना, चाय एवं कॉफी
प्रमुख खनिज-लौह अयस्क, मैंगनीज, बॉक्साइट एवं अभ्रक
ऊर्जा संसाधन - परम्परागत एवं गैर-परम्परागत
प्रमुख औद्योगिक प्रदेश
राष्ट्रीय राजमार्ग एवं प्रमुख परिवहन गलियारे
राजस्थान का भूगोल-
प्रमुख भू-आकृतिक प्रदेश एवं उनकी विशेषताएं
जलवायु की विशेषताएं
प्रमुख नदियाँ एवं झीलें
प्राकृतिक वनस्पति एवं मृदा
प्रमुख फसलें - गेहूँ, मक्का, जौ, कपास, गन्ना, एवं बाजरा
प्रमुख उद्योग
प्रमुख सिंचाई परियोजनाएँ एवं जल संरक्षण तकनीकें
जनसंख्या- वृद्धि, घनत्व, साक्षरता, लिंगानुपात एवं प्रमुख जनजातियाँ
खनिज - धात्विक एवं अधात्विक
ऊर्जा संसाधन - परम्परागत एवं गैर-परम्परागत
जैव-विविधता एवं इनका संरक्षण
पर्यटन स्थल एवं परिपथ
4. भारतीय संविधान, राजनीतिक व्यवस्था एवं शासन प्रणाली
भारतीय संविधानः दार्शनिक तत्व-
संविधान सभा, भारतीय संविधान की विशेषताएं, संवैधानिक संशोधन।
उद्देशिका, मूल अधिकार, राज्य नीति के निदेशक तत्व, मूल कर्तव्य।
भारतीय राजनीतिक व्यवस्था-
राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री एवं मंत्रिपरिषद्, संसद, उच्चतम न्यायालय और न्यायिक पुनरावलोकन।
भारत निर्वाचन आयोग, नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक, नीति आयोग, केन्द्रीय सतर्कता आयोग, लोकपाल, केन्द्रीय सूचना आयोग एवं राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग।
संघवाद, भारत में लोकतांत्रिक राजनीति, गठबंधन सरकारें, राष्ट्रीय एकीकरण।
राजस्थान की राजनीतिक एवं प्रशासनिक व्यवस्था-
राज्य की राजनीतिक व्यवस्था : राज्यपाल, मुख्यमंत्री और मंत्रिपरिषद्, विधानसभा, उच्च न्यायालय।
प्रशासनिक व्यवस्था : जिला प्रशासन, स्थानीय स्वशासन एवं पंचायती राज संस्थाएं।
संस्थाएं : राजस्थान लोक सेवा आयोग, राज्य मानवाधिकार आयोग, लोकायुक्त, राज्य निर्वाचन आयोग, राज्य सूचना आयोग।
लोक नीति एवं अधिकार-
लोक नीति, विधिक अधिकार एवं नागरिक अधिकार–पत्र।
5. आर्थिक अवधारणाएँ एवं भारतीय अर्थव्यवस्था
अर्थशास्त्र की मूलभूत अवधारणाएं-
बजट निर्माण, बैंकिंग, लोक-वित्त, वस्तु एवं सेवा कर, राष्ट्रीय आय, संवृद्धि एवं विकास का आधारभूत ज्ञान।
लेखांकन - अवधारणा, उपकरण एवं प्रशासन में उपयोग।
स्टॉक एक्सचेंज एवं शेयर बाजार।
राजकोषीय एवं मौद्रिक नीतियाँ।
सब्सिडी, लोक वितरण प्रणाली।
ई-कॉमर्स।
मुद्रास्फीति – अवधारणा, प्रभाव एवं नियंत्रण तंत्र।
आर्थिक विकास एवं आयोजन-
अर्थव्यवस्था के प्रमुख क्षेत्र : कृषि, उद्योग, सेवा एवं व्यापार क्षेत्रों की वर्तमान स्थिति, मुद्दे एवं पहल।
प्रमुख आर्थिक समस्याएं एवं सरकार की पहल, आर्थिक सुधार एवं उदारीकरण।
मानव संसाधन एवं आर्थिक विकास-
मानव विकास सूचकांक।
वैश्विक खुशहाली सूचकांक।
गरीबी एवं बेरोजगारी-अवधारणा, प्रकार, कारण, निदान एवं वर्तमान फ्लेगशिप योजनाएं।
सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता-
कमजोर वर्गों के लिए प्रावधान।
राजस्थान की अर्थव्यवस्था-
अर्थव्यवस्था का वृहत् परिदृश्य।
कृषि, उद्योग व सेवा क्षेत्र के प्रमुख मुद्दे।
संवृद्धि, विकास एवं आयोजना।
आधारभूत संरचना एवं संसाधन।
प्रमुख विकास परियोजनायें।
राज्य सरकार की प्रमुख कल्याणकारी योजनाएँ : अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति/पिछड़ा वर्ग/अल्पसंख्यकों, निःशक्तजनों, निराश्रितों, महिलाओं, बच्चों, वृद्धजनों, कृषकों एवं श्रमिकों के लिए।
6. विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी
दैनिक जीवन में विज्ञान के मूलभूत तत्व।
कम्प्यूटर्स, सूचना एवं संचार प्रौद्योगिकी।
रक्षा प्रौद्योगिकी, अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी एवं उपग्रह।
नैनो-प्रौद्योगिकी, जैव-प्रौद्योगिकी एवं अनुवंशिक-अभियांत्रिकी।
आहार एवं पोषण, रक्त समूह एवं Rh कारक।
स्वास्थ्य देखभाल; संक्रामक, असंक्रामक एवं पशुजन्य रोग।
पर्यावरणीय एवं पारिस्थितिकीय परिवर्तन एवं इनके प्रभाव।
जैव-विविधता, प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण एवं संधारणीय विकास।
कृषि-विज्ञान, उद्यान-विज्ञान, वानिकी एवं पशुपालन राजस्थान के विशेष संदर्भ में।
विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विकास राजस्थान के विशेष संदर्भ में।