ईश्वरकृष्ण की सांख्यकारिका- सत्कार्यवाद, पुरुष–स्वरूप, प्रकृति-स्वरूप, सृष्टि विचार, प्रत्ययसर्ग, कैवल्य।
सदानन्द का वेदान्तसार– अनुबन्धचतुष्टय, अज्ञान, अध्यारोप-अपवाद, लिंगशरीरोत्पत्ति, पञ्चीकरण, विवर्त, जीवन्मुक्ति।
केशवमिश्र की तर्कभाषा- पदार्थ, कारण, प्रमाण- प्रत्यक्ष, अनुमान, उपमान, शब्द
लौगाक्षिभास्कर का अर्थसंग्रह- धर्मलक्षण, शाब्दी भावना, आर्थी भावना, विधि एवं उसके प्रकार ।
पातञ्जल योग सूत्र- चित्तभूमि, चित्तवृत्तियाँ, ईश्वर का स्वरूप, योगांग, समाधि, कैवल्य।
सर्वदर्शनसंग्रह– जैनमत, बौद्धमत का सामान्य अध्ययन।
इकाई-3 - व्याकरण तथा भाषा-विज्ञान
महाभाष्य (पस्पशाह्निक)– शब्द की परिभाषा, शब्द एवं अर्थ का संबंध, व्याकरण के अध्ययन के उद्देश्य, व्याकरण की परिभाषा, साधु शब्द के प्रयोग का परिणाम, व्याकरण की पद्धति।